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मैक्सिको में नशीले पदार्थो से जुड़े ड्रग वार और मानव बलि

मौज-मस्ती के नाम पर हर जगह मौत नाच रही है अब इस देश में..


मैक्सिको में सेंट डेथ– संप्रदाय के अनुयायियों की संख्या भी लगातार बढ़ती जा रही है। इस संप्रदाय के अनुयायी शादी के जोड़े वाली स्त्री के कपाल की पूजा करते हैं। देश में इसके 80 लाख अनुयायी हैं। अमेरिका और कनाडा में भी इसके अनुयायी हैं। नशीले पदार्थो के तस्कर भी गिरफ्तारी से बचने और अधिक से अधिक पैसा बनाने के लिए इस देवी की पूजा करते हैं और मानव बलि देते हैंमैक्सिको के फादर कैरो ने कहा, उन्होंने एक व्यक्ति के लिए पूजा करवाई। वह जिंदा लोगों को टुकड़ों में काटने वाले गिरोह का मुखिया था
मौज-मस्ती के नाम पर हर जगह मौत नाच रही है अब इस देश में..
ईश्वर और शैतान होते हैं या नहीं इस पर सदियों से विवाद है। लेकिन मैक्सिको के धर्मगुरुओं ने दावा किया है कि मैक्सिको पर शैतान ने हमला कर दिया है। उनका दावा है कि ईश्वर उनसे लड़ रहा है। अब लोगों को भी उनसे लड़ने की जरूरत है।धर्मगुरुओं के अनुसार मैक्सिको में नशीले पदार्थो से जुड़े ड्रग वार और मानव बलि इस हमले की पहचान है। मैक्सिको 2006 से इसकी गिरफ्त में है और आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक इसमें 70,000 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। सड़क किनारे लगभग रोज मिलने वाले स्कूली बच्चों के शव इसके सबूत हैं। व्यस्त सड़कों के किनारे पुलों और पेड़ों पर लटके शव देखे जा सकते हैं।
मौज-मस्ती के नाम पर हर जगह मौत नाच रही है अब इस देश में..

मैक्सिको में सेंट डेथ– संप्रदाय के अनुयायियों की संख्या भी लगातार बढ़ती जा रही है। इस संप्रदाय के अनुयायी शादी के जोड़े वाली स्त्री के कपाल की पूजा करते हैं। देश में इसके 80 लाख अनुयायी हैं। अमेरिका और कनाडा में भी इसके अनुयायी हैं। नशीले पदार्थो के तस्कर भी गिरफ्तारी से बचने और अधिक से अधिक पैसा बनाने के लिए इस देवी की पूजा करते हैं और मानव बलि देते हैंमैक्सिको के फादर कैरो ने कहा, उन्होंने एक व्यक्ति के लिए पूजा करवाई। वह जिंदा लोगों को टुकड़ों में काटने वाले गिरोह का मुखिया था। उन्हें लोगों की चीत्कार सुनकर मजा आता था। वह लोगों को जिंदा जलते देखकर भी खुश होता था।मैक्सिको में पिछले कुछ सालों से ड्रग वॉर चल रहा है। मैक्सिको की सरकार मादक द्रव्यों की तस्करी और वर्चस्व की लड़ाई में हो रही मौतों से का़फी चिंतित है। सरकार इन तस्करों पर अंकुश लगाने में सफल नहीं हो पा रही है। यहां के लोग भी इस ड्रग वॉर से बहुत घबराए हुए हैं। माफियाओं के बीच चल रही इस जंग का शिकार आम आदमी बन रहा है। गोलीबारी में अक्सर निर्दोष लोग भी मारे जाते हैं।सरकारी आंकड़े बताते हैं कि इस ड्रग वॉर में 2006 से अब तक 28,000 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि अन्य स्रोत इससे भी बड़े आंकड़े पेश करते हैं। उनके अनुसार, इस ड्रग वॉर में अब तक लगभग 70.000 हज़ार लोगों की जानें जा चुकी हैं। खुफिया विभाग के प्रमुख वॉल्डेस का कहना है कि राष्ट्रपति फिलिप कालडेरॉन के पद संभालने के बाद इन गिरोहों के साथ सुरक्षाबलों की 963 मुठभेड़ें हुईं। आंकड़े बताते हैं कि इस दौरान प्रतिदिन एक मुठभेड़ दर्ज की गई। पुलिस और सेना ने मिलकर 84 हज़ार हथियार, 35 हजार वाहन और 40 करोड़ डॉलर से ज़्यादा धनराशि ज़ब्त की। पुलिस का अनुमान है कि यह रकम नशीली दवाओं के व्यापार से कमाई गई थी। इससे इस बात का अनुमान लगाया जा सकता है कि मैक्सिको में नशीली दवाओं का कारोबार कितनी तेज़ी से बढ़ रहा है। sabhar : bhaskar.com

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